यालगार भरेंगे हम....
यालगार भरेंगे हम, हक़दार बनेगे हम,
खुद की कमजोरियों से खुद लड़ेगे हम,
संगठित बनेगे हम, शीलयुक्त बनेगे हम,
शिक्षित बनेगे हम, प्रशिक्षित बनेगे हम,
अपने हिस्सों के हकदार बनेगे हम।
उठकर, लड़कर, पढ़कर और बढ़कर,
अपनें सपनों के हकदार बनेगे हम।
न किसी से डरेंगे हम, न अब कुछ कर गुजरने के लिए पीछे हटेंगे हम,
अब यालगार भरेगे हम।
न परिस्तिथियों से डरेंगे हम, न किस्मत से भिड़ेंगे हम,
तूफ़ान मचाएंगे हम, गर्दा उड़ायेंगे हम,
अपने सपनों को पूरे कर जायेंगे हम।
खुद के मुकद्दर और कर्मो से, खुद को राजा बनायेगे हम,
अपने इस हक़ के लिए दुनिया से लड़ जायेंगे हम, अपने सपने पूरे कर जायेंगे।
जब समय अपना आएगा तो सबसे बड़ा और लम्बा छलांग लगायेंगे हम।।
-डॉ श्रवण बघेल
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